स्पेस और ऊर्जा पर नया दृष्टिकोण: कमल दास महंत का KEUFT चर्चा में…

रायपुर, 15 दिसंबर 2025। छत्तीसगढ़ के युवा शोधकर्ता और लेखक कमल दास महंत द्वारा प्रस्तुत Kamal–Einstein Unified Field Theory (KEUFT) ने अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक समुदाय में चर्चा पैदा की है। यह सिद्धांत आइंस्टीन के प्रसिद्ध समीकरण E = mc² की एक संशोधित व्याख्या पेश करता है और आधुनिक भौतिकी की कुछ बुनियादी अवधारणाओं को नए दृष्टिकोण से समझाने का दावा करता है।
कमल दास महंत के अनुसार, KEUFT इस विचार पर आधारित है कि स्पेस पूरी तरह खाली नहीं होता। उनके सिद्धांत में स्पेस के भीतर ऊर्जा एक निष्क्रिय अवस्था में मौजूद रहती है, जो पृथ्वी के कोर से लेकर ब्लैक होल जैसी ब्रह्मांडीय घटनाओं को समझने में मदद कर सकती है।
KEUFT से जुड़े गणितीय ढांचे और शोध पत्र अंतरराष्ट्रीय ओपन-एक्सेस प्लेटफॉर्म Zenodo पर प्रकाशित किए जा चुके हैं। प्रकाशन के बाद कम समय में ही शोध पत्र को सैकड़ों बार देखा और डाउनलोड किया गया, जिससे यह वैश्विक वैज्ञानिक संवाद का हिस्सा बनता दिख रहा है।
कमल दास महंत का कहना है कि KEUFT केवल एक सैद्धांतिक अवधारणा नहीं है, बल्कि यह ग्रैविटी, स्पेस-टाइम, ऊर्जा परिवर्तन और ब्लैक होल फिज़िक्स को एकीकृत रूप में समझाने का प्रयास करता है। इसी सिद्धांत पर आधारित उनकी पुस्तक “E:mc² Modified: The Kamal–Einstein Unified Field Theory” इस माह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रकाशित हुई है।
उन्होंने यह भी कहा कि भारत में मौलिक वैज्ञानिक शोध की व्यापक संभावनाएँ हैं। आवश्यकता इस बात की है कि स्वदेशी वैज्ञानिक विचारों को वैश्विक मंच पर उचित समर्थन और गंभीर चर्चा मिले।
वैज्ञानिक समुदाय में KEUFT को लेकर विमर्श जारी है। आने वाले समय में यह सिद्धांत अकादमिक चर्चाओं और युवा शोधकर्ताओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन सकता है।



