डिजिटल ठगी के खिलाफ सारंगढ़ पुलिस का मिशन, 7 मोर्चों पर चलेगा साइबर जागरूकता अभियान

सारंगढ़-बिलाईगढ़, 15 अगस्त 2026। साइबर अपराधों पर शिकंजा कसने और आम लोगों को ऑनलाइन ठगी से बचाने के लिए छत्तीसगढ़ पुलिस का साइबर जागृति अभियान जारी है। इसी कड़ी में सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में भी पुलिस प्रशासन ने सात प्रमुख थीम के जरिए व्यापक साइबर जागरूकता अभियान शुरू किया है।
जिले के एसपी सुनील शर्मा ने प्रेसवार्ता में अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस जिलेभर में अलग-अलग वर्गों को लक्षित करते हुए साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बताएगी। अभियान का उद्देश्य लोगों को डिजिटल दुनिया में सतर्क और सुरक्षित बनाना है।
स्कूल-कॉलेज में सिखाई जाएगी डिजिटल सुरक्षा
अभियान के तहत स्कूल और कॉलेजों में विद्यार्थियों को डिजिटल सतर्कता और बेसिक साइबर सुरक्षा की जानकारी दी जाएगी। छात्रों को अनजान लिंक, संदिग्ध वेबसाइट, फर्जी मैसेज और ऑनलाइन गतिविधियों के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में जागरूक किया जाएगा।
UPI फ्रॉड से बचाव पर बैंकिंग संस्थानों में जागरूकता
बैंक और वित्तीय संस्थानों में UPI फ्रॉड और ऑनलाइन ठगी से बचने के तरीकों की जानकारी दी जाएगी। पुलिस लोगों को डिजिटल लेनदेन के दौरान OTP, PIN और बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने के लिए जागरूक करेगी।
वरिष्ठ नागरिकों के लिए डिजिटल अरेस्ट पर टाउन हॉल
साइबर अपराधियों द्वारा किए जा रहे डिजिटल अरेस्ट और फर्जी कॉल को लेकर वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष टाउन हॉल आयोजित किया जाएगा। इसमें पुलिस बताएगी कि किस तरह साइबर अपराधी पुलिस, CBI, ED या अन्य सरकारी एजेंसियों के नाम पर लोगों को डराकर ठगी करते हैं।
सोशल मीडिया के जरिए भी अभियान
पुलिस द्वारा साइबर जागरूकता सेल्फी और QR कोड के माध्यम से सोशल मीडिया पर भी जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसके जरिए साइबर सुरक्षा से जुड़ी जरूरी जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
पुलिस प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति के कॉल, मैसेज या लिंक पर भरोसा न करें। OTP, PIN, पासवर्ड और बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि सतर्कता ही साइबर अपराध से बचाव का सबसे मजबूत हथियार है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना दें।



