50 करोड़ से बदलेगी रायगढ़ मेडिकल कॉलेज की तस्वीर, जल्द शुरू होगी कीमोथेरेपी

रायगढ़, 14 अगस्त 2026। रायगढ़ के स्व. श्री लखीराम अग्रवाल स्मृति शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं संबद्ध चिकित्सालय में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार और अधोसंरचना सुधार की दिशा में बड़ा फैसला लिया गया है। चिकित्सा महाविद्यालय और चिकित्सालय भवन में विभिन्न मरम्मत एवं निर्माण कार्यों के लिए 50 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई है। साथ ही अस्पताल में कैंसर मरीजों के लिए जल्द ही कीमोथेरेपी की सुविधा शुरू करने का निर्देश दिया गया है।
रायगढ़ मेडिकल कॉलेज में छत्तीसगढ़ आरोग्य चिकित्सा शिक्षण एवं अनुसंधान समिति की साधारण सभा यानी स्वशासी समिति की बैठक स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल की अध्यक्षता में हुई। बैठक में वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी भी मौजूद रहे।
अस्पताल की सुविधाओं पर 50 करोड़ का फोकस
बैठक में मेडिकल कॉलेज और अस्पताल भवन में प्रस्तावित मरम्मत एवं निर्माण कार्यों के लिए 50 करोड़ रुपये का अनुमोदन किया गया। स्वास्थ्य मंत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि सभी कार्य न केवल गुणवत्तापूर्ण हों, बल्कि अस्पताल की सुविधाओं और स्वरूप में भी स्पष्ट सुधार दिखाई दे।
मरीजों की जरूरत को देखते हुए आयुष्मान योजना के तहत आवश्यक और अति आवश्यक आकस्मिक दवाओं की नियमानुसार खरीदी को भी मंजूरी दी गई। इससे अस्पताल में इलाज के दौरान जरूरी दवाओं की उपलब्धता बेहतर होने की उम्मीद है।
कैंसर मरीजों को रायगढ़ में ही मिलेगी कीमोथेरेपी
बैठक में स्वास्थ्य मंत्री ने रायगढ़ मेडिकल कॉलेज में कैंसर मरीजों के लिए कीमोथेरेपी सुविधा जल्द शुरू करने के निर्देश दिए। इसके अलावा एड्स मरीजों के लिए ART सेंटर शुरू करने का भी फैसला लिया गया।
इन सुविधाओं के शुरू होने के बाद गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को इलाज के लिए दूसरे बड़े शहरों का रुख कम करना पड़ेगा और स्थानीय स्तर पर उपचार की सुविधा उपलब्ध होगी।
MBBS और PG की पढ़ाई भी होगी हाईटेक
मेडिकल कॉलेज के MBBS और MS/MD पाठ्यक्रमों के प्रत्येक लेक्चर हॉल और डेमो हॉल में इंटरैक्टिव पैनल लगाए जाएंगे। इससे मेडिकल शिक्षा को आधुनिक और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में मदद मिलेगी।
बैठक में चिकित्सकों और छात्र-छात्राओं को अधिक संख्या में पेपर पब्लिकेशन, वर्कशॉप और कॉन्फ्रेंस आयोजित करने के लिए भी प्रोत्साहित किया गया।
स्टाफ की कमी दूर करने आउटसोर्स भर्ती
अस्पताल और मेडिकल कॉलेज में जरूरत के अनुसार टेक्नीशियन, स्टाफ नर्स, कंप्यूटर ऑपरेटर समेत तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के पदों पर आउटसोर्सिंग के माध्यम से भर्ती करने का निर्णय लिया गया।
मरीजों के तत्काल इलाज से जुड़ी दवाओं, केमिकल्स, किट्स, ग्लासवेयर जैसी छोटी लेकिन जरूरी सामग्रियों की तेजी से खरीदी के लिए क्लिनिकल विभागाध्यक्षों को स्वशासी मद से 5 हजार रुपये तक अग्रिम राशि देने की व्यवस्था को भी मंजूरी दी गई।
स्वास्थ्य मंत्री ने सभी संबंधित अधिकारियों को स्वीकृत कार्यों को तय समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि इन फैसलों का लाभ मरीजों और मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थियों को जल्द मिल सके।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष शिखा रविन्द्र गबेल, महापौर जीवर्धन चौहान, स्वास्थ्य विभाग के सचिव अमित कटारिया, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, अधिष्ठाता डॉ. संतोष कुमार सहित विभागीय अधिकारी, विभागाध्यक्ष और समिति के सदस्य मौजूद रहे।



