11 हजार बहनों ने विधायक रिकेश सेन को बांधा रक्षा सूत्र

भिलाई, 25 अगस्त 2026। रक्षाबंधन पर वैशाली नगर में भाई-बहन के रिश्ते की अनूठी तस्वीर देखने को मिली। रविवार को लोकांगन परिसर में 11 हजार से अधिक बहनें विधायक रिकेश सेन को राखी बांधने पहुंचीं। अल्प सूचना के बावजूद उमड़ी भीड़ का आलम ऐसा रहा कि लोकांगन से लेकर गरबा ग्राउंड तक बहनों की लंबी कतारें नजर आईं। दोपहर 1 बजे से शाम 6 बजे तक विधायक सेन लगातार बहनों से रक्षासूत्र बंधवाते रहे।
विधायक रिकेश सेन के वीडियो संदेश के बाद कुछ ही घंटों में बड़ी संख्या में बहनें लोकांगन पहुंचने लगीं। देखते ही देखते आयोजन स्थल पर रखी कुर्सियां कम पड़ गईं। बहनें अपनी बारी का इंतजार करती रहीं और विधायक स्वयं व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए परिसर में घूमते नजर आए।
उन्होंने कहा कि पार्षद से लेकर विधायक तक के सफर में वैशाली नगर की बहनों ने उन्हें जिस आत्मीयता से अपना भाई माना है, उस रिश्ते का मान रखना उनका दायित्व है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि कोई भी बहन निराश होकर नहीं लौटेगी। जो बहनें रविवार को राखी नहीं बांध पाईं, उनसे मिलने के लिए भी अगले एक सप्ताह तक समय देने का प्रयास किया जाएगा।
तिलक, आरती और रक्षासूत्र से सजा आयोजन
रक्षाबंधन समारोह में बहनों ने विधायक सेन का तिलक किया, आरती उतारी और रक्षासूत्र बांधकर उनके स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन की कामना की। बड़ी संख्या में बहनों ने विधायक की धर्मपत्नी डॉ. रिचा सेन को भी राखी बांधी।
ढाई दशक से कायम है रिश्ता
विधायक रिकेश सेन और क्षेत्र की बहनों के बीच यह रिश्ता नया नहीं है। वे करीब 25 वर्षों से रक्षाबंधन के अवसर पर बहनों से राखी बंधवाते आ रहे हैं। समय के साथ इस आयोजन का दायरा लगातार बढ़ता गया और हर वर्ष बहनों की संख्या में इजाफा हुआ।
पिछले वर्ष घरेलू कामकाज करने वाली महिलाओं के लिए शुरू की गई ‘शक्ति योजना’ से भी इस रिश्ते को विस्तार मिला। योजना से जुड़ी हजारों महिलाओं ने विधायक को अपना भाई मानकर रक्षाबंधन पर राखी बांधी।
बोले रिकेश सेन, बहनों का आशीर्वाद ही मेरी ताकत
विधायक रिकेश सेन ने बहनों के स्नेह और आशीर्वाद के प्रति आभार जताते हुए कहा कि वैशाली नगर की हजारों बहनों का विश्वास उन्हें जनता की सेवा के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने कहा कि इसी विश्वास के साथ क्षेत्र में जनोपयोगी योजनाओं को आगे बढ़ाने का प्रयास जारी रहेगा।
लोकांगन में उमड़ी हजारों बहनों की भीड़ ने रक्षाबंधन को महज त्योहार नहीं रहने दिया, बल्कि जनप्रतिनिधि और जनता के बीच बने आत्मीय रिश्ते के उत्सव में बदल दिया। अल्प सूचना पर उमड़ा यह स्नेह-सैलाब पूरे दिन वैशाली नगर में चर्चा का विषय बना रहा।



