‘बाहुबली’ से पहले भी बॉक्स ऑफिस पर हिट रहीं प्रभास की कई फिल्में

मुंबई, 11 मार्च 2006। अभिनेता प्रभास आज भारतीय सिनेमा के सबसे बड़े सुपरस्टार्स में गिने जाते हैं। फिल्म बाहुबली: द बिगिनिंग और बाहुबली 2: द कन्क्लूजन ने उन्हें देशभर में जबरदस्त लोकप्रियता दिलाई, लेकिन इससे पहले भी प्रभास कई हिट फिल्मों के जरिए बॉक्स ऑफिस पर अपनी मजबूत पहचान बना चुके थे।
प्रभास ने अपने करियर की शुरुआत में ही ऐसी कई फिल्में दीं, जिन्होंने दर्शकों के बीच उनकी लोकप्रियता बढ़ाई और उन्हें एक बड़े स्टार के रूप में स्थापित किया। इन फिल्मों की सफलता ने यह साबित कर दिया था कि वह पहले से ही दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचने की क्षमता रखते थे।
उनकी शुरुआती हिट फिल्मों में वर्षम प्रमुख रही, जिसमें उनके साथ त्रिशा कृष्णन नजर आई थीं। रोमांस और एक्शन से भरपूर इस फिल्म की कहानी, संगीत और प्रभास की दमदार अभिनय को दर्शकों ने खूब पसंद किया।
इसके अलावा आदवी रामुडु में प्रभास के साथ आरती अग्रवाल दिखाई दीं। एक्शन, रोमांस और पारिवारिक ड्रामा से भरपूर इस फिल्म में उनकी ऊर्जावान परफॉर्मेंस को काफी सराहा गया।
रोमांटिक फिल्म डार्लिंग में प्रभास और काजल अग्रवाल की जोड़ी ने दर्शकों का दिल जीत लिया। मजेदार और भावनात्मक कहानी के साथ दोनों की केमिस्ट्री फिल्म की बड़ी खासियत रही।
निर्देशक एस. एस. राजामौली की फिल्म छत्रपति भी प्रभास के करियर की अहम फिल्मों में शामिल है। इसमें उन्होंने शिवाजी नाम के किरदार को निभाया, जो अन्याय के खिलाफ लड़ता है। इस फिल्म ने उनके अभिनय और एक्शन इमेज को और मजबूत किया।
इसके अलावा मिस्टर परफेक्ट में प्रभास के साथ तापसी पन्नू और काजल अग्रवाल नजर आईं। रिश्तों और समझौते की कहानी पर आधारित यह फिल्म भी बॉक्स ऑफिस पर सफल रही।
एक्शन थ्रिलर बिल्ला में प्रभास ने डबल रोल निभाया था, जिसमें अनुष्का शेट्टी और नमिता भी मुख्य भूमिकाओं में थीं। फिल्म की स्टाइलिश प्रस्तुति और प्रभास की दमदार स्क्रीन प्रेजेंस ने इसे लोकप्रिय बनाया।
वहीं फिल्म रेबल में प्रभास के साथ तमन्ना भाटिया और दीक्षा सेठ नजर आईं। हाई-ऑक्टेन एक्शन और शानदार म्यूजिक के कारण यह फिल्म भी दर्शकों के बीच चर्चा में रही।
इन फिल्मों की सफलता ने यह साबित कर दिया था कि प्रभास पहले से ही एक बड़े स्टार बनने की राह पर थे। बाद में बाहुबली फ्रेंचाइज़ी की ऐतिहासिक सफलता ने उन्हें पैन-इंडिया सुपरस्टार बना दिया और भारतीय सिनेमा में नए दौर की शुरुआत की।



