22 लाख पेंशनधारियों के मुद्दे पर अकबर ने राज्यपाल को लिखा पत्र

रायपुर, 8 जून 2026। छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता मोहम्मद अकबर ने प्रदेश में सामाजिक सुरक्षा पेंशन के भुगतान में हो रही देरी को लेकर राज्यपाल को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया है कि प्रदेश के लाखों वृद्ध, विधवा और दिव्यांग पेंशनधारी पिछले करीब पांच महीनों से पेंशन राशि नहीं मिलने के कारण गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं।
राज्यपाल को भेजे पत्र में मोहम्मद अकबर ने संविधान के अनुच्छेद-154 का उल्लेख करते हुए कहा है कि राज्य की कार्यपालिका शक्ति राज्यपाल में निहित है और वर्तमान स्थिति में मानवीय आधार पर तत्काल हस्तक्षेप की आवश्यकता है। उन्होंने लिखा है कि इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांग पेंशन योजनाओं के लाभार्थी लगातार कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं, लेकिन उन्हें राहत नहीं मिल रही है।
पूर्व मंत्री ने पत्र में कहा कि भीषण गर्मी और बढ़ती महंगाई के दौर में पेंशनधारियों की स्थिति और अधिक दयनीय हो गई है। कई बुजुर्गों और जरूरतमंद परिवारों के लिए पेंशन ही जीवनयापन का एकमात्र सहारा है। उन्होंने दावा किया कि दिसंबर 2025 और जनवरी 2026 में कुछ हितग्राहियों को पेंशन मिली थी, लेकिन फरवरी के बाद से भुगतान नहीं हुआ है।
मोहम्मद अकबर ने राज्यपाल से आग्रह किया है कि वे अपने अधिकारों का उपयोग करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करें कि भारत सरकार से राशि प्राप्त होने तक अन्य मदों से नियमानुसार पेंशन का भुगतान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि अतीत में भी ऐसी व्यवस्था अपनाई जाती रही है।
पत्र में उल्लेख किया गया है कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना, मुख्यमंत्री पेंशन योजना, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन, दिव्यांग पेंशन और राष्ट्रीय परिवार सहायता योजना के तहत प्रदेश में करीब 22.70 लाख हितग्राही लाभान्वित होते हैं। ऐसे में लंबे समय से भुगतान नहीं होने से बड़ी संख्या में जरूरतमंद लोग प्रभावित हो रहे हैं।
पूर्व मंत्री ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द पेंशन भुगतान नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में लाभार्थियों की परेशानियां और बढ़ सकती हैं। उन्होंने राज्य सरकार से संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल समाधान निकालने की मांग की है।



