जंगल से प्रेशर कुकर IED समेत भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद

दंतेवाड़ा, 7 जून 2026। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त सर्च ऑपरेशन के दौरान जवानों ने नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखे गए प्रेशर कुकर आईईडी, पाइप बम और भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री बरामद कर एक संभावित बड़े हमले की साजिश को विफल कर दिया। सुरक्षा बलों की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से बड़ी जनहानि टल गई।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, नक्सल विरोधी अभियान के तहत 6 जून को खुफिया सूचना के आधार पर थाना बारसूर क्षेत्र के ग्राम तोड़मा के घने जंगलों में सीआरपीएफ की 195वीं वाहिनी और दंतेवाड़ा पुलिस की संयुक्त टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया। अभियान के दौरान जवान नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखे गए विस्फोटकों और हथियारों की तलाश में जंगलों की गहन तलाशी ले रहे थे।
सुबह करीब 8:40 बजे सर्चिंग के दौरान जवानों को जंगल में संदिग्ध वस्तु दिखाई दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल बम निष्क्रिय दस्ता (बीडीएस) को मौके पर बुलाया गया। जांच में दो प्रेशर कुकर आईईडी और लगभग 10 किलोग्राम वजनी एक पाइप बम बरामद हुआ। बीडीएस टीम ने सावधानीपूर्वक कार्रवाई करते हुए सभी विस्फोटकों को मौके पर ही निष्क्रिय कर नष्ट कर दिया।
अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने आसपास के इलाके में अतिरिक्त सर्चिंग भी की, जिसमें नक्सलियों का बड़ा जखीरा बरामद हुआ। बरामद सामग्री में बीजीएल, .303 रायफल, एयर रायफल, .303 मैगजीन, इंसास मैगजीन, 12 बोर गोला-बारूद, ब्लैंक कारतूस, वायरलेस सेट, गन पाउडर, कोर्डेक्स वायर, शॉक वेव डेटोनेटर, इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, गैर-विद्युत विस्फोटक, 51 एमएम बम, दूरबीन, नक्सली वर्दी, कॉम्बैट बेल्ट, मल्टीमीटर, कैमरा फ्लैश, इलेक्ट्रिक कंट्रोल यूनिट, बैटरियां, इलेक्ट्रिक स्विच और टेलीफोन वायर सहित बड़ी मात्रा में युद्ध सामग्री शामिल है।
इसके अलावा सुरक्षा बलों ने नक्सली साहित्य और दैनिक उपयोग की अन्य सामग्री भी जब्त की है। अधिकारियों का मानना है कि बरामद सामग्री का उपयोग सुरक्षा बलों को निशाना बनाने और क्षेत्र में बड़ी नक्सली गतिविधियों को अंजाम देने के लिए किया जाना था।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दंतेवाड़ा और आसपास के इलाकों में नक्सलियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। सुरक्षा बलों की इस कार्रवाई को नक्सल नेटवर्क के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। वहीं, क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है।



