
रायपुर, 6 जनवरी 2026। रायपुर पुलिस ने नशे के कारोबार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित नशीली टैबलेट की सप्लाई में शामिल मेडिकल नेटवर्क को बेनकाब किया है। ऑपरेशन निश्चय के तहत पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 17 हजार 808 नग अल्प्राजोलम और स्पासमो जैसी नशीली टैबलेट के साथ चार मेडिकल स्टोर संचालक और एक मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव सहित कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान एक टाटा सफारी वाहन, पांच मोबाइल फोन और अन्य सामग्री भी जब्त की है। जब्त मशरूका की अनुमानित कीमत करीब एक करोड़ रुपये बताई जा रही है। आरोपियों के खिलाफ थाना पुरानी बस्ती में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21(सी) और 29 के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
कैसे खुला पूरा सिंडिकेट
5 जनवरी 2026 को एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट को सूचना मिली थी कि कुशालपुर स्थित रत्ना मेडिकल स्टोर में बिना वैध दस्तावेज के प्रतिबंधित नशीली टैबलेट बेची जा रही है। पुलिस ने पहले टेस्ट पर्चेस कराया और पुष्टि होते ही मेडिकल स्टोर में छापा मारा। दुकान संचालक कान्हा कृष्ण कश्यप उर्फ सूरज के पास से नशीली टैबलेट बरामद की गई, लेकिन वह कोई वैध कागजात पेश नहीं कर सका।
पूछताछ में उसने बताया कि टैबलेट उसे आनंद शर्मा नामक व्यक्ति से मिलती थी। इसके बाद पुलिस ने आनंद शर्मा के ठिकाने पर दबिश देकर बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित दवाएं जब्त कीं। पूछताछ में आनंद शर्मा ने खुद को मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव बताया और खुलासा किया कि वह जबलपुर से कोरियर और बस ट्रांसपोर्ट के जरिए नशीली टैबलेट रायपुर मंगवाता था।
आगे की पूछताछ में सामने आया कि इन दवाओं की सप्लाई टिकरापारा, खमतराई और धरसींवा स्थित तीन अन्य मेडिकल स्टोरों में की जा रही थी। इसके बाद पुलिस की अलग-अलग टीमों ने एक साथ दबिश देकर काव्या मेडिकोज, प्यारी लक्ष्मी मेडिकल स्टोर और भरोसा मेडिकल स्टोर के संचालकों को भी बिना दस्तावेज नशीली टैबलेट बेचते हुए गिरफ्तार कर लिया।
कोरियर और बस ट्रांसपोर्ट पर भी शिकंजा
पुलिस ने बताया कि इस मामले में एक अंतर्राज्यीय आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है। साथ ही नशीली दवाओं की तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे कोरियर और बस संचालकों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। दोषी पाए जाने पर उनके खिलाफ भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
मेडिकल स्टोर होंगे सील, लाइसेंस निरस्त
कार्रवाई के बाद संबंधित चारों मेडिकल स्टोर को सील करने और उनके लाइसेंस निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नशे के खिलाफ ऑपरेशन निश्चय आगे भी इसी सख्ती के साथ जारी रहेगा और सप्लाई चेन के हर स्तर पर कार्रवाई की जाएगी।
शामिल मेडिकल स्टोर्स
रत्ना मेडिकल स्टोर, कुशालपुर, पुरानी बस्ती, रायपुर
काव्या मेडिकोज, टिकरापारा, रायपुर
प्यारी लक्ष्मी मेडिकल स्टोर, भनपुरी, खमतराई, रायपुर
भरोसा मेडिकल स्टोर, सांकरा, धरसींवा, रायपुर
गिरफ्तार आरोपी
कान्हा कृष्ण कश्यप उर्फ सूरज (31), पुरानी बस्ती, रायपुर
आनंद शर्मा (45), न्यू चंगोराभाठा, रायपुर
धीमन मजूमदार (31), टिकरापारा, रायपुर
राहुल वर्मा (26), खमतराई, रायपुर
मोह. अकबर (29), धरसींवा, रायपुर
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि ऑपरेशन निश्चय के तहत नशे के खिलाफ कार्रवाई आगे भी इसी सख्ती से जारी रहेगी और सप्लाय चेन से जुड़े हर व्यक्ति को कानून के दायरे में लाया जाएगा।



