
रायपुर, 7 जनवरी 2026। छत्तीसगढ़ में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय रोवर–रेंजर जम्बूरी को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने खुद को भारत स्काउट्स एंड गाइड्स, छत्तीसगढ़ राज्य परिषद का अध्यक्ष बताते हुए आयोजन को स्थगित करने की घोषणा कर दी है। यह जम्बूरी 9 से 13 जनवरी 2026 तक बालोद में प्रस्तावित थी।
मंगलवार शाम यह सूचना सोशल मीडिया पर वायरल हुई, जिसके बाद भारत स्काउट्स एंड गाइड्स के राज्य आयुक्त इंदरजीत सिंह खालसा ने इसे भ्रामक प्रचार बताते हुए विरोध जताया। उन्होंने कहा कि आयोजन से जुड़ी सूचनाओं को लेकर गलत संदेश फैलाया जा रहा है।
अध्यक्ष को लेकर असमंजस
पूरे मामले में सबसे बड़ा विवाद स्काउट्स एंड गाइड्स के राज्य अध्यक्ष पद को लेकर है। सांसद बृजमोहन अग्रवाल और स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव, दोनों ही खुद को अध्यक्ष होने का दावा कर रहे हैं। बृजमोहन अग्रवाल का कहना है कि जम्बूरी में करीब 10 करोड़ रुपये की गंभीर वित्तीय अनियमितता सामने आई है, इसी वजह से आयोजन स्थगित किया गया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जम्बूरी का आयोजन पहले नया रायपुर में होना तय था, लेकिन नियमों को दरकिनार कर बालोद को आयोजन स्थल बना दिया गया। उनका कहना है कि यदि इसके बावजूद आयोजन होता है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी स्कूल शिक्षा विभाग की होगी।
इस विवाद को लेकर राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। सोमवार को प्रदेश कांग्रेस ने पूरे मामले में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए ईओडब्ल्यू और एसीबी से जांच कराने तथा स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव समेत अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की।
गजेंद्र यादव ने आरोपों को खारिज किया
वहीं स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि जम्बूरी को लेकर कोई भ्रष्टाचार नहीं हुआ है। स्काउट्स एंड गाइड्स का सालभर का कार्यक्रम पहले से तय रहता है और आयोजन के लिए विधिवत प्रस्ताव आया था। उन्होंने बताया कि जेम पोर्टल के माध्यम से कलेक्टर की अध्यक्षता में लगभग पांच करोड़ रुपये का टेंडर किया गया है। मंत्री ने आरोपों को सरकार को बदनाम करने की साजिश बताया।
इधर राज्य मुख्य आयुक्त इंदरजीत सिंह खालसा ने आयोजन स्थल को लेकर अलग रुख रखा है। उन्होंने कहा कि उन्हें नया रायपुर वाले पुराने प्रस्ताव की जानकारी नहीं है और राज्य की कार्यकारिणी ने ही बालोद में आयोजन करने का निर्णय लिया था।
इस बीच आयोजकों का दावा है कि जम्बूरी की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। देशभर से 12 से 15 हजार रोवर–रेंजरों के पहुंचने की संभावना है, जिनमें से करीब 5,500 प्रतिभागी पहले ही पहुंच चुके हैं। ऐसे में आयोजन होगा या स्थगित रहेगा, इस पर अब भी असमंजस बना हुआ है।
जम्बूरी को लेकर जारी यह खींचतान आने वाले दिनों में और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।



